कल का मौसम 1 नवंबर: 12 घंटों में 13 राज्यों में मूसलाधार बारिश का अलर्ट

देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 1 नवंबर को लेकर बेहद महत्वपूर्ण ताजा चेतावनी जारी की है। उत्तर भारत में जहां सुबह और देर रात में ठंड की दस्तक शुरू हो चुकी है, वहीं बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवातीय और हवा के नए सिस्टम के कारण अगले कुछ घंटों में देश के 13 राज्यों में भारी बारिश, तेज आंधी और आकाशीय बिजली की संभावना जताई गई है। तटीय इलाकों और पूर्वोत्तर राज्यों में तूफानी हवाओं की गति 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है।
दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत के 13 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी
मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार 1 नवंबर को दक्षिण भारत, तटीय क्षेत्रों और पूर्वोत्तर के राज्यों में मौसम सबसे ज्यादा खतरनाक बना रहने वाला है। मौसम वैज्ञानिकों ने तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल, माहे, तटीय कर्नाटक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, ओडिशा, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ में मूसलाधार बारिश और गरज-चमक के साथ आंधी का अलर्ट जारी किया है। इसके साथ ही पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश और असम के कई हिस्सों में तेज बारिश होने का अनुमान है। तटीय आंध्र प्रदेश और बंगाल की खाड़ी से सटे राज्यों में 50 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चल सकती हैं, जिससे कमजोर संरचनाओं, फसलों और यातायात पर असर पड़ सकता है।
उत्तर और मध्य भारत में साफ होगा मौसम, तेजी से बढ़ेगी ठंड
एक तरफ जहां देश के दक्षिणी और तटीय इलाकों में बारिश का कहर जारी है, वहीं उत्तर और मध्य भारत के मैदानी इलाकों से बारिश की गतिविधियां लगभग पूरी तरह समाप्त होने जा रही हैं। राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, मध्य प्रदेश और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 1 नवंबर से आसमान पूरी तरह से साफ और शुष्क रहने का अनुमान है। पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ने के साथ ही इन राज्यों में उत्तर-पश्चिमी शुष्क हवाएं चलेंगी। इसके परिणामस्वरूप दिन के तापमान में हल्की धूप रहेगी, लेकिन रात और सुबह के न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बड़ी गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे सर्दी का असर अचानक बढ़ता हुआ दिखाई देगा।
पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी और किसानों व मछुआरों के लिए आईएमडी की विशेष एडवाइजरी
हिमालयी क्षेत्रों विशेषकर उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के ऊंचे इलाकों में तापमान के शून्य के करीब पहुंचने और छिटपुट बर्फबारी की संभावना जताई गई है। समुद्र में पैदा हो रहे दबाव और 80 किलोमीटर की रफ्तार से चलने वाली तेज हवाओं के मद्देनजर मौसम विभाग ने मछुआरों को बंगाल की खाड़ी, अंडमान सागर और आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में गहराई तक न जाने की सख्त सलाह दी है। इसके अलावा जिन राज्यों में मूसलाधार बारिश की संभावना है, वहां किसानों को कटी हुई फसलें और अनाज सुरक्षित स्थानों पर रखने तथा खेतों में जलजमाव की निकासी के इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं।